नेशनल धावकों ने जीती मैराथन

जयपुर। विश्व हेपेटाइटस डे पर मानसरोवर स्थित मेट्रो मास हार्ट केयर एंड मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पीटल के सौजन्य से रविवार को हेपेटाइटस रोग के प्रति जागरूकता के उदेश्य से तीन किमी. की मैराथन दौड़ का आयोजन किया गया। पुरूष व महिला वर्ग की इस मैराथन में नेशनल स्तर के धावकों के अलावा हॉस्पीटल स्टाफ के साथ-साथ सैकड़ों की तादाद में बच्चों व बुजुर्गों ने भाग लिया। मैराथन के बाद प्रतिभागियों को हेपेटाइटस रोग के लक्षण, उपचार व बचाव के बारे में पेट व उदर रोग विशेषज्ञ डॉ. सुशील कुमार जैन ने जानकारी दी। हॉस्पिटल के मेडिकल सुपरिटेडेंट डॉ. तेज कुमार शर्मा ने बताया कि नेशनल धावक राकेश मीणा प्रथम, योगेंद्र द्वितीय व हरीसिंह तृतीय रहा। इसी तरह महिला वर्ग में नेशनल धावक श्रेया पहले, शिखा दूसरे तथा हॉस्पिटल की स्टाफकर्मी रूपाली तीसरे स्थान पर रही। उक्त विजेताओं को क्रमश: 5100, 3100 व 2100 रुपए नकद राशि व स्मृति चिन्ह देकर मुख्य अतिथि एनएचएम के निदेशक नवीन जैन व परिष्कार ग्रुप के निदेशक राघव प्रकाश ने सम्मानित किया। डॉ. शर्मा ने बताया कि इस दौरान करीब 300 प्रतिभागियों की हेपेटाइटस संबंधी नि:शुल्क जांच की गई। आईएएस अधिकारी नवीन जैन ने प्रतिभागियों को इस रोग के प्रति जागरूक करते हुए बताया कि हेपेटाइटस रोग पांच प्रकार का होता है। इनमें से हेपेटाइटस बी व सी जानलेवा साबित हो सकता है। उन्होंने कहा कि इस रोग से बचाव के लिए राजस्थान सरकार ने पेंटावेलेंट इंजेक्शन उपलब्ध कराया है जो कि एक माह तक के नवजात शिशु को प्रदेश के सभी सरकारी अस्पतालों में नि:शुल्क लगाया जाता है। जैन ने कहा कि विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के आंकड़ों के मुताबिक विश्वभर में करीब 40 करोड़ लोग हेपेटाइटस रोग से ग्रसित हैं। भारत में यह आंकड़ा तेजी से बढ़ रहा है। इस रोग से बचाव के लिए आमजन में जागरूकता का अभाव है। आमजन को जागरूक करने के लिए मैराथन जैसी गतिविधियां समय-समय पर आयोजित होनी चाहिए।