Thursday, July 9, 2020

पेट्रोलियम, रियल एस्टेट को जीएसटी के तहत लाया जाए : एसोचैम

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Vishal Rohiwal
Vishal Rohiwal
विशाल रोहिवाल पिछले दस वर्ष से कंटेट राईटिंग व स्वतंत्र पत्रकार के रुप में काम कर रहें है। वर्तमान में हैलो राजस्थान की वेब टीम में सीनियर कंटेंट एडिटर के रुप में अपनी सेवांए दे रहें है।
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नई दिल्ली, 30 जून (आईएएनएस)। औद्योगिक संस्था एसोचैम ने मंगलवार को पेट्रोलियम उत्पादों और रियल एस्टेट को वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) के दायरे में लाने की मांग की।

एसोचैम में महासचिव, दीपक सूद के अनुसार, पेट्रोलियम उत्पादों और रियल एस्टेट को जीएसटी के दायरे में लाने के लिए राज्यों को हर हाल में राय में लिया जाए।

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मौजूदा समय में जीएसटी परिषद इस मुद्दे पर कोई निर्णय ले सकती है।

सूद ने कहा, एसोचैम पेट्रोलियम उत्पादों और रियल एस्टेट के लिए एक राष्ट्र एक कर की वकालत करता आ रहा है।

उन्होंने कहा, राज्यों को हर हाल में राय में लिया जाए, क्योंकि इस कदम से उपभोग की मांग बढ़ाकर और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को लाभकारी बनाकर देश को अपार मदद मिलेगा।

सूद ने कहा, मुंबई, दिल्ली, चेन्नई, बेंगलुरू, हैदराबाद और अहमदाबाद जैसे प्रमुख आर्थिक हब कोविड-19 मामलों की बढ़ती संख्या से जूझ रहे हैं। अर्थव्यवस्था को अनलॉक करने के बाद भी कई राज्य प्रतिबंध बरकरार रखने, सार्वजनिक स्वास्थ्य इमर्जेसीज पर दोगुना दबाव बनाने वाणिज्यिक गतिविधियों के प्रमुख रूप से या आंशिक रूप से बंद रखने को मजबूर हैं।

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उन्होंने कहा है, इसके कारण सरकार और कारोबारियों पर एक भारी वित्तीय दबाव पड़ रहा है। एक लाख करोड़ रुपये के मासिक जीएसटी संग्रह के बदले यह घटकर आधा हो गया है।

–आईएएनएस

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