हुगली : एनएसस छात्रों के लिए तंबाकू सेवन पर नियंत्रण के लिए कार्यशाला का आयोजन

0
Voice of Tobacco Victims (VoTV) patron from Narayana Health Superspeciality Hospital, Howrah, SERAMPORE COLLEGE, NSS VOLUNTEERS, CANCER PREVENTION, Hoogly news, Hoogly hindi news, Sambandh Health Foundation (SHF), Google latest news, Today Google trending news, Today Google news, Latest news, India latest news, Hoogly hindi news, ताजा खबर, मुख्य समाचार, बड़ी खबरें, आज की ताजा खबरें,Kolkata hindi news, West Bengal hindi news, Tobacco news, VOTV NEWS,

हुगली। तंबाकू पर नियंत्रण और कैंसर की रोकथाम के लिए पश्चिम बंगाल के सेरामपुर में सेरामपुर कॉलेज परिसर में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के स्वयंसेवकों के लिए एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। हुगली जिले के सेरामपुर कॉलेज में एनएसएस स्वयंसेवकों और अन्य छात्रों के लिए इस संवेदीकरण कार्यशाला का आयोजन संबंध हेल्थ फाउंडेशन (एसएचएफ) ने नारायणा सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के सहयोग से किया गया।

भारत के युवा और खेल मंत्रालय, पश्चिम बंगाल में एनएसएस के माध्यम से तम्बाकू के उपयोग से होने वाले भारी स्वास्थ्य नुकसान के मुद्दों के समाधान के लिए बड़ी पहल कर रहा है।  “एनएसएस द्वारा हमारी युवा पीढ़ियों को व्यसनों से बचाने के सामाजिक कारण के लिए यह एक बड़ी पहल है। पश्चिम बंगाल में एनएसएस की 1000 से अधिक इकाइयां हैं, जिनमें 1 लाख से अधिक स्वयंसेवक हैं। इन स्वयंसेवकों की ऊर्जा निश्चित रूप से तम्बाकू के कारण होने वाली मौतों की संख्या को कम करेगी, जो दुनिया भर में ज्ञात मौत का सबसे बड़ा रोकने योग्य कारण है।’’

इस कार्यशाला का उद्देश्य से एनएसएस के स्वयंसेवकों को जागरूक करना था जो आगे तंबाकू के दुष्प्रभावों और लोगों को कैंसर की रोकथाम, तंबाकू मुक्त शिक्षण संस्थानों और सिगरेट और अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम ( सीओटीपीए)  को लागू करने के प्रति लोगों में जागरूकता पैदा करेंगे।

सेरामपुर कॉलेज के प्राचार्य डॉ. वानसंगला ने कहा, यह देखकर खुशी होती है कि छात्रों ने तंबाकू मुक्त समाज बनाने के लिए यह पहल की है और यह निश्चित रूप से तंबाकू मुक्त वातावरण बनाने के प्रभावशाली संदेश को फैलाने में मदद करेगा।

इस मौके पर सभी छात्रों के लिए तंबाकू मुक्त प्रतिज्ञा, एनएसएस के ग्रामीण शिविरों का आयोजन करने, विभिन्न गतिविधियों और प्रतियोगिताओं सहित एनएसएस गतिविधियों के आयोजन के लिए एक कार्य योजना बनाई गई।

इस दौरान ‘प्लेज फॉर लाइफ-टोबैको फ्री यूथ अभियान’ के तहत एनएसएस स्वयंसेवकों ने शपथ ली कि वे किसी भी रूप में तंबाकू का उपयोग नहीं करेंगे और अपने परिवार के सदस्यों और दोस्तों को भी तंबाकू से दूर रहने के लिए कहेंगे।

एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अनादि रॉय चैधरी ने कहा, एनएसएस इस तरह की बहुत सारी गतिविधियां चला रहा है और हम शिक्षण संस्थानों, समुदायों और अन्य हितधारकों से जुड़े संदेश को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

पश्चिमी बंगाल में 239 करोड़ लोग तंबाकू यूजर

ग्लोबल एडल्ट्स टोबैको सर्वे ( सीएटीएस-2) के अनुसार, पश्चिम बंगाल में 2.39 करोड़ लोग धूम्रपान और चबाने के रूप में तंबाकू का उपयोग करते हैं। यह सेवन करने वालों और जो तंबाकू का सेवन नहीं करते हैं उनके भी स्वास्थ्य पर दुष्प्रभाव डालता है। सर्वे में कहा गया है कि 1.5 लाख उपयोगकर्ता प्रतिवर्ष तम्बाकू से होने वाली बीमारियों के कारण मर जाते हैं और 438 बच्चे प्रतिदिन तम्बाकू की लत का शिकार हो रहे हैं।

वायॅस आॅफ टोबेको विक्टिमस (वीओटीवी) के पैट्रेन व नारायणा सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के कैंसर सर्जन कंसल्टेंट डा.अपूर्वा गर्ग ने तंबाकू सेवन के विनाशकारी प्रभाव के बारे में बताया। उन्होंने लेागों को बताया कि तम्बाकू सेवन के कारण उनके ओपीडी में मुंह के कैंसर से पीड़ित कई युवा मरीज आते हैं। इस मौके पर उन्होंने तंबाकू जनित बीमारियों से पीड़ित मरीजों और उनके परिवारों की पीड़ा को भी सुनाया।

डा.गर्ग ने बताया कि एनएसएस के विद्यार्थियेां के द्वारा की जा रही ये सभी गतिविधियां तंबाकू से होने वाली मौतों को बचाने में भी कारगर साबित होंगी।

यह उल्लेखनीय है कि केाटपा में सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान, तंबाकू उत्पादों का प्रत्यक्ष/अप्रत्यक्ष विज्ञापन और प्रचार, नाबालिगों को बिक्री पर प्रतिबंध लगाने का प्रावधान है।

www.hellorajasthan.com की ख़बरेंफेसबुकट्वीटर और सोशल मीडिया पर पाने के लिए हमें Follow करें.